रांची, 14 जून (आईएएनएस)। झारखंड में कुछ महीनों बाद संभावित विधानसभा चुनाव के मद्देनजर निर्वाचन आयोग ने वोटर लिस्ट को अपडेट करने की प्रक्रिया तेज कर दी है। राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने शुक्रवार को राज्य के सभी 24 जिलों के निर्वाचन कार्य से जुड़े पदाधिकारियों के साथ रिव्यू मीटिंग की।
उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान मतदाता सूची से गलत तरीके से कई लोगों के नाम हटाए जाने की शिकायतें प्राप्त हुई हैं। ऐसी शिकायतों का नियमानुसार सत्यापन करते हुए कार्रवाई की जाए। उन्होंने वोटर इन्फोर्मेशन स्लिप के वितरण के दौरान बनाई गई सूची से मिलान करते हुए मतदाता सूची से शिफ्टेड, डुप्लीकेट एवं मृत मतदाताओं के नाम नियमानुसार हटाने के निर्देश दिए।
बताया गया कि अभी भी जिन मतदाताओं के पास पुराना लेमिनेटेड मतदाता पहचान पत्र है, उसे बदलते हुए नए रंगीन आईडी उपलब्ध कराए जाएंगे। किसी भी कारण से अब तक छूटे मतदाताओं को भी मतदाता सूची से जोड़ने के लिए अभियान शुरू किया जाएगा। निर्वाचन कार्य से जुड़े पदाधिकारियों को अपने कार्यक्षेत्रों में भ्रमण करते हुए मतदाता सूची के निर्माण कार्य की प्रक्रिया को गति देने का निर्देश दिया गया।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार सभी बीएलओ सुपरवाइजर घर-घर जाकर बीएलओ के कार्यों का सत्यापन करें। बीएलओ के सत्यापित घरों में से 10 प्रतिशत घरों का बीएलओ सुपरवाइजर भौतिक सत्यापन करें एवं मुख्यालय से मिले स्टिकर चिपकाएं। बताया गया कि 1 जुलाई से मुख्यालय के पदाधिकारी जिलों का भ्रमण करेंगे और मतदाता सूची को स्वच्छ बनाने के लिए भारत निर्वाचन आयोग के मापदंडों के अनुरूप कार्यों की समीक्षा करेंगे।
रिव्यू मीटिंग में ओएसडी गीता चौबे, सहायक मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी देव दास दत्ता, अवर निर्वाचन पदाधिकारी सुनील कुमार सहित मुख्य निर्वाचन पादधिकारी कार्यालय के पदाधिकारी मौजूद थे। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में सभी विधानसभा क्षेत्रों के एईरओ, आरओ, कंप्यूटर ऑपरेटर, हेल्प डेस्क मैनेजर सहित जिलों में निर्वाचन कार्य से जुड़े पदाधिकारी एवं कर्मी जुड़े थे।
–आईएएनएस
एसएनसी/एबीएम
रांची, 14 जून (आईएएनएस)। झारखंड में कुछ महीनों बाद संभावित विधानसभा चुनाव के मद्देनजर निर्वाचन आयोग ने वोटर लिस्ट को अपडेट करने की प्रक्रिया तेज कर दी है। राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने शुक्रवार को राज्य के सभी 24 जिलों के निर्वाचन कार्य से जुड़े पदाधिकारियों के साथ रिव्यू मीटिंग की।
उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान मतदाता सूची से गलत तरीके से कई लोगों के नाम हटाए जाने की शिकायतें प्राप्त हुई हैं। ऐसी शिकायतों का नियमानुसार सत्यापन करते हुए कार्रवाई की जाए। उन्होंने वोटर इन्फोर्मेशन स्लिप के वितरण के दौरान बनाई गई सूची से मिलान करते हुए मतदाता सूची से शिफ्टेड, डुप्लीकेट एवं मृत मतदाताओं के नाम नियमानुसार हटाने के निर्देश दिए।
बताया गया कि अभी भी जिन मतदाताओं के पास पुराना लेमिनेटेड मतदाता पहचान पत्र है, उसे बदलते हुए नए रंगीन आईडी उपलब्ध कराए जाएंगे। किसी भी कारण से अब तक छूटे मतदाताओं को भी मतदाता सूची से जोड़ने के लिए अभियान शुरू किया जाएगा। निर्वाचन कार्य से जुड़े पदाधिकारियों को अपने कार्यक्षेत्रों में भ्रमण करते हुए मतदाता सूची के निर्माण कार्य की प्रक्रिया को गति देने का निर्देश दिया गया।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार सभी बीएलओ सुपरवाइजर घर-घर जाकर बीएलओ के कार्यों का सत्यापन करें। बीएलओ के सत्यापित घरों में से 10 प्रतिशत घरों का बीएलओ सुपरवाइजर भौतिक सत्यापन करें एवं मुख्यालय से मिले स्टिकर चिपकाएं। बताया गया कि 1 जुलाई से मुख्यालय के पदाधिकारी जिलों का भ्रमण करेंगे और मतदाता सूची को स्वच्छ बनाने के लिए भारत निर्वाचन आयोग के मापदंडों के अनुरूप कार्यों की समीक्षा करेंगे।
रिव्यू मीटिंग में ओएसडी गीता चौबे, सहायक मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी देव दास दत्ता, अवर निर्वाचन पदाधिकारी सुनील कुमार सहित मुख्य निर्वाचन पादधिकारी कार्यालय के पदाधिकारी मौजूद थे। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में सभी विधानसभा क्षेत्रों के एईरओ, आरओ, कंप्यूटर ऑपरेटर, हेल्प डेस्क मैनेजर सहित जिलों में निर्वाचन कार्य से जुड़े पदाधिकारी एवं कर्मी जुड़े थे।
–आईएएनएस
एसएनसी/एबीएम