चेन्नई, 30 अप्रैल (आईएएनएस)। श्रीलंकाई समुद्री डाकुओं ने तमिलनाडु के नागापट्टिनम के मछुआरों के एक समूह पर बीच समुद्र में हमला बोल दिया। डाकुओं ने मछुआरों के साथ जमकर लूटपाट की।
हमले में एक मछुआरा मुरुगन घायल हो गया और उसे नागपट्टिनम के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यह हमला नागापट्टिनम तट से 15 समुद्री मील दूर अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा के पास भारतीय समुद्री सीमा के भीतर हुआ।
तमिलनाडु तटीय पुलिस ने कहा कि समुद्री लुटेरों ने नाव से वॉकी-टॉकी और जीपीएस लूट लिए।
नागापट्टिनम मछुआरा संघ के नेता आर. एंटनी जॉनसन ने कहा कि समुद्री डाकू श्रीलंका से थे।
जॉनसन ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, ”समुद्र के बीच में लगातार हमारा पीछा किया जा रहा है और हमला किया जा रहा है। चाहे वह समुद्री डाकुओं का हमला हो या श्रीलंकाई नौसेना के मछुआरों द्वारा मशीनीकृत नौकाओं को पकड़ना या जब्त करना। हम पर नियमित रूप से हमले किए जाते हैं। केंद्र सरकार को तुरंत मामले में हस्तक्षेप कर इस गंभीर मुद्दे का समाधान निकालना चाहिए।”
जॉनसन ने कहा कि कई मछुआरे समुद्र में मछली पकड़ने नहीं जाना चाहते। वहीं कई लोगों के परिवार वाले इन हमलों को लेकर बेहद चिंतित हैं।
तमिलनाडु के तटीय पुलिस अधिकारियों ने यह भी कहा कि नागपट्टिनम के मछुआरे अब इन दिनों समुद्र में जाने से कतरा रहे हैं।
इस मामले में अधिक विवरण की प्रतीक्षा है।
–आईएएनएस
एमकेएस/एसकेपी
चेन्नई, 30 अप्रैल (आईएएनएस)। श्रीलंकाई समुद्री डाकुओं ने तमिलनाडु के नागापट्टिनम के मछुआरों के एक समूह पर बीच समुद्र में हमला बोल दिया। डाकुओं ने मछुआरों के साथ जमकर लूटपाट की।
हमले में एक मछुआरा मुरुगन घायल हो गया और उसे नागपट्टिनम के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यह हमला नागापट्टिनम तट से 15 समुद्री मील दूर अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा के पास भारतीय समुद्री सीमा के भीतर हुआ।
तमिलनाडु तटीय पुलिस ने कहा कि समुद्री लुटेरों ने नाव से वॉकी-टॉकी और जीपीएस लूट लिए।
नागापट्टिनम मछुआरा संघ के नेता आर. एंटनी जॉनसन ने कहा कि समुद्री डाकू श्रीलंका से थे।
जॉनसन ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, ”समुद्र के बीच में लगातार हमारा पीछा किया जा रहा है और हमला किया जा रहा है। चाहे वह समुद्री डाकुओं का हमला हो या श्रीलंकाई नौसेना के मछुआरों द्वारा मशीनीकृत नौकाओं को पकड़ना या जब्त करना। हम पर नियमित रूप से हमले किए जाते हैं। केंद्र सरकार को तुरंत मामले में हस्तक्षेप कर इस गंभीर मुद्दे का समाधान निकालना चाहिए।”
जॉनसन ने कहा कि कई मछुआरे समुद्र में मछली पकड़ने नहीं जाना चाहते। वहीं कई लोगों के परिवार वाले इन हमलों को लेकर बेहद चिंतित हैं।
तमिलनाडु के तटीय पुलिस अधिकारियों ने यह भी कहा कि नागपट्टिनम के मछुआरे अब इन दिनों समुद्र में जाने से कतरा रहे हैं।
इस मामले में अधिक विवरण की प्रतीक्षा है।
–आईएएनएस
एमकेएस/एसकेपी