नई दिल्ली, 16 मार्च (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि जब से “पीएम सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना” की शुरुआत हुई है, तब से लेकर अब तक इस योजना के अंतर्गत 1 करोड़ से भी अधिक लोग अपना पंजीकरण करवा चुके हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने एक्स हैंडल पर कई पोस्ट किए। जिसमें उन्होंने बताया कि देश के विभिन्न भागों में इस योजना के अंतर्गत पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है।
असम, बिहार, गुजरात, महाराष्ट्र, ओडिशा, तमिलनाडु और उत्तर प्रदेश से अब तक 5 लाख लोग इस योजना का फायदा उठाने के लिए पंजीकरण करवा चुके हैं।
पीएम मोदी ने कहा, अब तक जिन लोगों ने इस योजना का फायदा उठाने के लिए रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है, उन्हें भी रजिस्ट्रेशन करा लेना चाहिए।
उन्होंने कहा, “यह योजना ऊर्जा उत्पादन सुनिश्चित करने के साथ-साथ घरों के लिए बिजली के खर्च में पर्याप्त कटौती का वादा करती है। इसके साथ ही यह पर्यावरण के लिए जीवन शैली को बड़े पैमाने पर प्रोत्साहित करने और एक बेहतर ग्रह में योगदान देने के लिए तैयार है।”
यह योजना 2 किलोवाट क्षमता तक के सिस्टम के लिए सौर इकाई लागत का 60 प्रतिशत और 2 से 3 किलोवाट क्षमता के सिस्टम के लिए अतिरिक्त सिस्टम लागत का 40 प्रतिशत सब्सिडी प्रदान करती है। सब्सिडी को 3 किलोवाट क्षमता तक सीमित कर दिया गया है।
इससे पहले केंद्र सरकार ने कहा था कि 300 यूनिट तक बिजली खपत करने के लाभार्थी 15 हजार रुपए तक बचा सकेंगे।
इच्छुक उपभोक्ता को योजना के लिए आवेदन करने के लिए राष्ट्रीय पोर्टल पर पंजीकरण करना होगा। यह राज्य और बिजली वितरण कंपनी का चयन करके करना होगा।
यह परियोजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 15 फरवरी को 75,021 करोड़ की लागत से लॉन्च की गई थी।
–आईएएनएस
एसएचके/एसकेपी
नई दिल्ली, 16 मार्च (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि जब से “पीएम सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना” की शुरुआत हुई है, तब से लेकर अब तक इस योजना के अंतर्गत 1 करोड़ से भी अधिक लोग अपना पंजीकरण करवा चुके हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने एक्स हैंडल पर कई पोस्ट किए। जिसमें उन्होंने बताया कि देश के विभिन्न भागों में इस योजना के अंतर्गत पंजीकरण की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है।
असम, बिहार, गुजरात, महाराष्ट्र, ओडिशा, तमिलनाडु और उत्तर प्रदेश से अब तक 5 लाख लोग इस योजना का फायदा उठाने के लिए पंजीकरण करवा चुके हैं।
पीएम मोदी ने कहा, अब तक जिन लोगों ने इस योजना का फायदा उठाने के लिए रजिस्ट्रेशन नहीं कराया है, उन्हें भी रजिस्ट्रेशन करा लेना चाहिए।
उन्होंने कहा, “यह योजना ऊर्जा उत्पादन सुनिश्चित करने के साथ-साथ घरों के लिए बिजली के खर्च में पर्याप्त कटौती का वादा करती है। इसके साथ ही यह पर्यावरण के लिए जीवन शैली को बड़े पैमाने पर प्रोत्साहित करने और एक बेहतर ग्रह में योगदान देने के लिए तैयार है।”
यह योजना 2 किलोवाट क्षमता तक के सिस्टम के लिए सौर इकाई लागत का 60 प्रतिशत और 2 से 3 किलोवाट क्षमता के सिस्टम के लिए अतिरिक्त सिस्टम लागत का 40 प्रतिशत सब्सिडी प्रदान करती है। सब्सिडी को 3 किलोवाट क्षमता तक सीमित कर दिया गया है।
इससे पहले केंद्र सरकार ने कहा था कि 300 यूनिट तक बिजली खपत करने के लाभार्थी 15 हजार रुपए तक बचा सकेंगे।
इच्छुक उपभोक्ता को योजना के लिए आवेदन करने के लिए राष्ट्रीय पोर्टल पर पंजीकरण करना होगा। यह राज्य और बिजली वितरण कंपनी का चयन करके करना होगा।
यह परियोजना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 15 फरवरी को 75,021 करोड़ की लागत से लॉन्च की गई थी।
–आईएएनएस
एसएचके/एसकेपी