नई दिल्ली, 26 अक्टूबर (आईएएनएस)। दिल्ली में सरकारी स्कूलों की स्थिति और विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर आम आदमी पार्टी (आप) ने सरकार पर निशाना साधा। पार्टी के नेता और कोंडली से विधायक कुलदीप कुमार ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सरकारी स्कूलों को बर्बाद कर निजी स्कूलों को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने कहा कि अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली पूर्ववर्ती सरकार के दौरान दिल्ली के सरकारी स्कूलों ने विश्वस्तर पर पहचान बनाई थी, लेकिन अब इन स्कूलों में न तो गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल रही है और न ही बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो पा रही है।
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नई दिल्ली, 26 अक्टूबर (आईएएनएस)। दिल्ली में सरकारी स्कूलों की स्थिति और विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर आम आदमी पार्टी (आप) ने सरकार पर निशाना साधा। पार्टी के नेता और कोंडली से विधायक कुलदीप कुमार ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सरकारी स्कूलों को बर्बाद कर निजी स्कूलों को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने कहा कि अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली पूर्ववर्ती सरकार के दौरान दिल्ली के सरकारी स्कूलों ने विश्वस्तर पर पहचान बनाई थी, लेकिन अब इन स्कूलों में न तो गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिल रही है और न ही बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो पा रही है।
कुलदीप कुमार ने दिल्ली सरकार की शिक्षा नीति और स्कूलों में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने कृष्णा नगर के एक स्कूल में छात्रा की मौत का मामला उठाते हुए कहा कि इतनी गंभीर घटना के बावजूद सरकार के किसी मंत्री ने पीड़ित परिवार से मिलकर सांत्वना देने की जरूरत नहीं समझी। उन्होंने मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री पर भी घटना के बाद स्कूल का दौरा नहीं करने का आरोप लगाया।
कुलदीप कुमार ने बताया कि दो दिन पहले कृष्णा नगर के एक स्कूल में एक छात्रा ने कथित तौर पर अपने ऊपर कोई पदार्थ छिड़ककर आग लगा ली थी, जिसके बाद उसकी मौत हो गई। उन्होंने सवाल उठाया कि स्कूल में शिक्षक, प्रधानाचार्य, सुरक्षा गार्ड और सीसीटीवी कैमरे मौजूद होने के बावजूद ऐसी घटना कैसे हो गई। आप नेता ने कहा कि स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार और शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी है। यदि स्कूल परिसर में इस तरह की घटना होती है, तो इसकी गंभीरता से जांच होनी चाहिए और यह पता लगाया जाना चाहिए कि घटना के समय स्कूल प्रशासन तथा सुरक्षा व्यवस्था की क्या भूमिका थी। उन्होंने आरोप लगाया कि घटना के बाद सरकार की ओर से पीड़ित परिवार के प्रति संवेदनशीलता नहीं दिखाई गई।
उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के कार्यकाल में शुरू किए गए हैप्पीनेस करिकुलम का जिक्र करते हुए सरकार पर इसे बंद करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों के मानसिक और भावनात्मक विकास पर ध्यान देना था। उन्होंने दावा किया कि हैप्पीनेस क्लास बंद होने के बाद स्कूलों में चाकूबाजी, छात्राओं से छेड़छाड़ और विद्यार्थियों के उत्पीड़न जैसी घटनाएं सामने आ रही हैं। उनके मुताबिक, बच्चों की पढ़ाई के साथ-साथ उनके मानसिक स्वास्थ्य, व्यवहार और भावनात्मक जरूरतों पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए।
कुलदीप कुमार ने कहा कि हैप्पीनेस करिकुलम को देखने के लिए अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पत्नी मेलानिया ट्रंप भी दिल्ली आई थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने राजनीतिक द्वेष के कारण पिछली सरकार की इस पहल को बंद कर दिया। हालांकि, इन घटनाओं और हैप्पीनेस क्लास बंद होने के बीच संबंध को लेकर उन्होंने अपने आरोपों के समर्थन में कोई स्वतंत्र आंकड़ा प्रस्तुत नहीं किया। आप विधायक ने भाजपा की सरकार को 'चार इंजन वाली सरकार' बताते हुए कहा कि दिल्ली विकास और सुरक्षा सहित कई मामलों में पीछे जा रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकार के दौरान सरकारी स्कूलों में किए गए सुधारों को आगे बढ़ाने के बजाय वर्तमान सरकार उन्हें कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले अधिकांश बच्चे सामान्य और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से आते हैं। ऐसे में उनकी शिक्षा और सुरक्षा की अनदेखी करना गंभीर विषय है।
कुलदीप कुमार ने आरोप लगाया कि सरकारी स्कूलों की स्थिति खराब करके निजी स्कूलों को फायदा पहुंचाने की कोशिश की जा रही है। कुलदीप कुमार ने दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कृष्णा नगर में छात्रा की मौत के बाद शिक्षा मंत्री न तो पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे और न ही स्कूल का निरीक्षण किया। उन्होंने मुख्यमंत्री की ओर से भी घटनास्थल का दौरा नहीं किए जाने का दावा किया।
कुलदीप कुमार ने शिक्षा मंत्री पर बच्चों की साइकिल और किताबों से जुड़ी योजनाओं में कमीशनखोरी के आरोप भी लगाए।
--आईएएनएस
पीकेटी/डीकेपी
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