नई दिल्ली, 24 जून (आईएएनएस)। राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने पश्चिम बंगाल के अमता इलाके में तलाशी के बाद दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी 2022 में हुए बम धमाके के सिलसिले में की गई है। इस धमाके में बम बनाने वालों में से एक की मौत हो गई थी और तीन लोग घायल हो गए थे।
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नई दिल्ली, 24 जून (आईएएनएस)। राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने पश्चिम बंगाल के अमता इलाके में तलाशी के बाद दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी 2022 में हुए बम धमाके के सिलसिले में की गई है। इस धमाके में बम बनाने वालों में से एक की मौत हो गई थी और तीन लोग घायल हो गए थे।
एनआईए ने बुधवार को एक आधिकारिक बयान में बताया कि टीम ने आरोपियों के तीन ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया था। इस कार्रवाई में दो आरोपियों असफार और एंताजुल को मंगलवार रात गिरफ्तार किया गया। इन दोनों की पहचान मुख्य आरोपियों के तौर पर की गई है। ये दोनों हावड़ा (ग्रामीण) के अमता इलाके के रहने वाले हैं।
23 फरवरी 2022 को पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले के अमता इलाके में चंद्रपुर बाजार के पास बम धमाका हुआ था। यह धमाका तब हुआ जब बम बनाए जा रहे थे और गलती से उनमें विस्फोट हो गया।
जांच एजेंसी ने खुलासा किया कि दोनों आरोपियों के निर्देश पर ही अमता थाना इलाके में चंद्रपुर बाजार के पास अवैध रूप से देसी बम बनाए जा रहे थे। बन रहे बमों में से कुछ में धमाका हो गया था, जिससे धमाके में एक व्यक्ति की मौत हो गई और विस्फोटक बनाने में शामिल तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।
एनआईए के अनुसार, घायलों में जहधर मोल्ला, मोहब्बत मोल्ला और मोइनुर रहमान थे, जबकि मरने वाले की पहचान एसके महरम के रूप में हुई थी।
अप्रैल 2024 में एनआईए ने स्थानीय पुलिस से जांच को अपने हाथ में लिया था। एनआईए ने पाया कि असफार और एंताजुल बम बनाने के काम को कंट्रोल कर रहे थे। बाद की जांच में पता चला कि इन बमों का इस्तेमाल स्थानीय लोगों को डराने-धमकाने और उनमें दहशत फैलाने के लिए किया जाना था।
इस मामले में पहले भी चार लोगों को गिरफ्तार किया गया था और उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल की गई थी। एनआईए अधिकारियों ने कहा कि मामले की जांच अभी भी जारी है।
--आईएएनएस
डीसीएच/
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