Office Address

Address Display Here

Phone Number

+91-9876543210

Email Address

info@deshbandhu.co.in

PM मोदी की सुरक्षा में गंभीर चूक: बेंगलुरु में काफिले के रास्ते से मिले थे विस्फोटक, सब-इंस्पेक्टर समेत 6 पुलिसकर्मी सस्पेंड


बेंगलुरु। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बेंगलुरु दौरे के दौरान सुरक्षा व्यवस्था में हुई एक बेहद गंभीर और संवेदनशील चूक के मामले में बड़ा एक्शन लिया गया है। 10 मई को पीएम मोदी के काफिले के तय मार्ग के पास से 'जिलेटिन की छड़ें' (विस्फोटक सामग्री) बरामद होने के मामले में कर्तव्य में लापरवाही बरतने के आरोप में छह पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड (निलंबित) कर दिया गया है। बेंगलुरु दक्षिण के पुलिस अधीक्षक (SP) आर. श्रीनिवास गोवडा ने आंतरिक जांच पूरी होने तक इन सभी पुलिसकर्मियों को निलंबित रखने का आदेश जारी किया है। सस्पेंड किए गए पुलिसकर्मियों में एक सब-इंस्पेक्टर (SI), एक असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर (ASI) और चार कांस्टेबल शामिल हैं। इस घटना के बाद अब राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) भी मामले की जांच में जुट गई है।

सर्किट और टाइमर के साथ मिला था संदिग्ध बॉक्स

यह पूरी घटना 10 मई की सुबह की है, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बेंगलुरु के कगालिपुरा स्थित 'आर्ट ऑफ लिविंग' (AOL) आश्रम में आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल होने आ रहे थे। पीएम के आगमन से करीब डेढ़ घंटे पहले, रूट सैनिटाइजेशन और नियमित सुरक्षा जांच के दौरान एक सतर्क पुलिस कांस्टेबल को मुख्य मार्ग (कनकपुरा रोड) से करीब 25 फीट दूर, एक निजी संपत्ति की कंपाउंड वॉल के पास फुटपाथ के किनारे एक संदिग्ध कार्टन बॉक्स पड़ा मिला।

जब बम निरोधक दस्ते और फोरेंसिक टीमों ने इस बॉक्स की जांच की, तो सुरक्षा एजेंसियों के होश उड़ गए। इस बॉक्स के अंदर दो जिलेटिन की छड़ें, एक सर्किट, टाइमर, एलसीडी डिस्प्ले, तार, माचिस और बैटरी जैसी सामग्रियां पैक थीं। यह स्थान प्रधानमंत्री के मुख्य कार्यक्रम स्थल से महज 2 से 3 किलोमीटर की दूरी पर था। हालांकि, बाद की फॉरेंसिक रिपोर्ट में सामने आया कि जिलेटिन की छड़ें काफी पुरानी थीं और उसका टाइमर भी निष्क्रिय था, लेकिन वीवीआईपी रूट पर इस तरह विस्फोटक का मिलना सुरक्षा व्यवस्था पर बहुत बड़ा सवालिया निशान है।

उसी सुबह आई थी धमकी भरी कॉल, एनआईए (NIA) ने संभाली कमान

विस्फोटक मिलने की इस सनसनीखेज घटना के ठीक पहले, सुबह करीब 7:30 बजे पुलिस कंट्रोल रूम में एक अज्ञात व्यक्ति का फोन आया था, जिसने एचएएल (HAL) एयरपोर्ट और आर्ट ऑफ लिविंग परिसर के पास विस्फोट करने की धमकी दी थी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए कोरामंगला से लोहित (40) नाम के एक संदिग्ध को हिरासत में लिया, जो मानसिक रूप से अस्वस्थ बताया जा रहा है और उसका पहले भी ऐसी फर्जी कॉल्स करने का इतिहास रहा है।

शुरुआत में स्थानीय पुलिस और छह विशेष टीमें इस मामले की जांच कर रही थीं, लेकिन मामले की गंभीरता और बरामद बॉक्स में सर्किट-टाइमर जैसे पुर्जे मिलने के बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) और खुफिया ब्यूरो (IB) के अधिकारियों ने भी घटनास्थल का दौरा कर इस पूरे मामले की कमान अपने हाथ में ले ली है। जांच एजेंसियां इस बात का पता लगा रही हैं कि क्या यह सुरक्षा व्यवस्था को जानबूझकर चुनौती देने की कोई गहरी साजिश थी।

सुरक्षा चूक पर भारी सियासी घमासान

प्रधानमंत्री की सुरक्षा में लगी इस बड़ी सेंध ने कर्नाटक में एक नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। कर्नाटक भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और विधायक बी.वाई. विजयेंद्र ने राज्य की सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' पर पोस्ट करते हुए इस घटना को कांग्रेस राज में कानून-व्यवस्था की "माफ़ न करने लायक और बेहद गंभीर नाकामी" करार दिया।

विजयेंद्र ने आरोप लगाया कि राज्य और खासकर बेंगलुरु में सार्वजनिक सुरक्षा पूरी तरह चरमरा गई है। उन्होंने मांग की कि देश के प्रधानमंत्री की सुरक्षा में किसी भी स्तर पर कोताही बर्दाश्त नहीं की जा सकती, इसलिए इस घोर लापरवाही के पीछे जिम्मेदार चेहरों और अधिकारियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। फिलहाल, सस्पेंड किए गए छह पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच जारी है और पुलिस यह सुराग लगाने में जुटी है कि आखिर वह विस्फोटक बॉक्स वहां तक कैसे पहुंचा।

Share:

Leave A Reviews

Related News