
जबलपुर. मध्य प्रदेश के जबलपुर शहर में अपराधियों के हौसले इस कदर बुलंद हैं कि वे अब चालू हाई-वोल्टेज बिजली सब-स्टेशनों को भी निशाना बनाने से नहीं चूक रहे हैं। शहर के स्मार्ट सिटी क्षेत्र में स्थापित कॉम्पैक्ट सब-स्टेशनों से महंगी बैटरियां चोरी करने का एक नया और दुस्साहसिक मामला सामने आया है। इस बार चोरों ने रंगे हाथों पकड़े जाने पर बिजली कंपनी के एक मुस्तैद कर्मचारी पर उस्तरे और दांतों से जानलेवा हमला कर दिया और मौके से भाग निकले। इस सनसनीखेज वारदात के बाद बिजली विभाग में हड़कंप मच गया है और पुलिस में एफआईआर (FIR) दर्ज कराई गई है।
बिजली कंपनी से मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना शुक्रवार को जबलपुर के पश्चिम संभाग में स्थित एमएलबी (MLB) स्कूल के पास बने कॉम्पैक्ट सब-स्टेशन पर घटित हुई। कंपनी के लाइन स्टाफ कर्मचारी अक्षय रिछारिया रोज की तरह सब-स्टेशन के नजदीक स्ट्रीट लाइट का मुख्य स्विच बंद करने पहुंचे थे। इसी दौरान उनकी नजर सब-स्टेशन के पास संदिग्ध रूप से खड़े दो युवकों पर पड़ी।
कर्मचारी अक्षय रिछारिया ने जब पास जाकर देखा, तो दोनों शातिर बदमाश सब-स्टेशन का ताला तोड़कर उसका मुख्य ढक्कन खोल चुके थे और अंदर लगी कीमती बैटरियां बाहर निकाल रहे थे।
जान जोखिम में डालकर चोरों से भिड़ा कर्मचारी अक्षय ने अपनी जान की परवाह न करते हुए दोनों आरोपियों को दबोचने का प्रयास किया। खुद को घिरता देख एक आरोपी ने बचाव में कर्मचारी के हाथ पर अपने दांतों से जोर से काट लिया। इसके बाद भी जब कर्मचारी ने उसे नहीं छोड़ा, तो दूसरे बदमाश ने पास में छिपाकर रखा धारदार उस्तरा निकाल लिया और कर्मचारी पर जानलेवा हमला करने की कोशिश की। अचानक हुए इस हमले से बचते हुए जैसे ही कर्मचारी पीछे हटा, दोनों आरोपी मलबे और गलियों का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए।
बिजली कंपनी के आला अधिकारियों ने इस गंभीर वारदात की सूचना तुरंत स्थानीय पुलिस को दी। पुलिस ने कर्मचारी की शिकायत पर शासकीय कार्य में बाधा डालने, चोरी का प्रयास और जानलेवा हमला करने की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। अधिकारियों के मुताबिक, भागते समय आरोपी की एक स्पष्ट तस्वीर स्टाफ के मोबाइल में कैद हो गई थी, जिसे पुलिस को सौंप दिया गया है। पुलिस हुलिये और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर चोरों की सरगर्मी से तलाश कर रही है।
विद्युत विभाग के इंजीनियरों का कहना है कि स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत लगाए गए इन कॉम्पैक्ट सब-स्टेशनों और रिंग मेन यूनिट (RMU) से बैटरियां चोरी होने से कंपनी को भारी आर्थिक नुकसान तो होता ही है, साथ ही पूरे इलाके की बिजली गुल हो जाती है। इसके अलावा, चालू ट्रांसफार्मर और 11 केवी जैसी संवेदनशील लाइनों के बीच घुसकर इस तरह की चोरी करना खुद चोरों के लिए भी आत्मघाती है; एक छोटी सी चूक से मौके पर ही उनकी जान जा सकती है।
Leave A Reviews