शहडोल जिले के खेतावली गांव के ऊपर टोला में 11 फरवरी की रात कोल माफिया ने वन विभाग की टीम पर हमला कर दिया। आरोप है कि अवैध कोयला परिवहन की शिकायत पर पहुंचे रेंजर रामनरेश विश्वकर्मा को माफिया ने घेरकर पीटा और उनकी वर्दी फाड़ दी। डीएफओ श्रद्धा पंद्रे के साथ भी गाली-गलौज की गई।
जानकारी के अनुसार, ग्रामीणों ने अवैध कोयले से भरे ट्रैक्टर को बीच बस्ती में रोक लिया था और वन विभाग व पुलिस को सूचना दी थी। वन विभाग की टीम पहले मौके पर पहुंची, जबकि पुलिस देर से पहुंची। इसी दौरान हथियारों से लैस 15-20 लोग मौके पर पहुंचे और रेंजर की गाड़ी रोककर उनसे मारपीट की।
डीएफओ श्रद्धा पंद्रे ने आरोप लगाया कि पुलिस ने कार्रवाई में सहयोग नहीं किया। उनका कहना है कि रेंजर रात 11 बजे सोहागपुर थाने पहुंचे, लेकिन करीब 24 घंटे तक एफआईआर दर्ज नहीं की गई। पुलिस ने आवेदन में बदलाव कराने के बाद ही देर रात मामला दर्ज किया।
ग्रामीणों का कहना है कि घोड़सा नाला क्षेत्र में वर्षों से अवैध कोयला खनन हो रहा है। रोजाना दर्जनों ट्रैक्टर 7 किलोमीटर की दूरी तय कर कोयला ले जाते हैं। विरोध करने पर माफिया हथियारों के साथ धमकाते हैं।
गुरुवार देर रात पुलिस ने बिट्टन सिंह, चिंटू सिंह, राजू सिंह समेत अन्य के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा, मारपीट और तोड़फोड़ का मामला दर्ज किया है। घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है।

Leave A Reviews