Office Address

Address Display Here

Phone Number

+91-9876543210

Email Address

info@deshbandhu.co.in

सागर जहरीली शराब कांड, नामजद आरोपी की मौत, परिजनों ने उठाए सवाल


सागर जिले अंतर्गत बंडा और शाहगढ़ अंचल में जहरीली शराब से मचे कोहराम के बीच एक नया और बेहद सनसनीखेज मोड़ सामने आया है। बिनैका थाने में अवैध शराब तस्करी के आरोप में नामजद किए गए पाटन गांव निवासी रामसिंह लोधी पुत्र गजराज सिंह लोधी की सोमवार को इलाज के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। एफआईआर दर्ज होने के ठीक अगले दिन आरोपी की मौत होने से प्रशासनिक महकमे में खलबली मच गई है। इस घटना के बाद मृतक के परिजनों ने स्थानीय पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।

परिजनों ने पुलिस पर मढ़े आरोप, पुलिस ने शराब पीने की आशंका जताई

मृतक के भाई सुरेंद्र सिंह ने आरोप लगाया है कि रविवार को पुलिस रामसिंह को पूछताछ के नाम पर थाने ले गई थी। जब वह वापस गांव पहुंचा तो उसकी शारीरिक स्थिति अत्यंत बिगड़ चुकी थी, जिसके बाद परिजन उसे तुरंत बंडा सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे जहां उसने दम तोड़ दिया। दूसरी ओर प्रशासनिक सूत्रों का कहना है कि नामजद एफआईआर की खबर मिलते ही रामसिंह भयभीत हो गया था और उसने घर में रखी वही संदिग्ध शराब पी ली, जिससे अन्य ग्रामीणों की तबीयत बिगड़ी थी। हालांकि परिजनों का दावा है कि रामसिंह ने सालभर पहले ही शराब का काम छोड़ दिया था और हाल ही में उसके सगे भांजे रोशन की भी इसी जहरीली शराब के सेवन से मौत हुई थी।

26 ग्रामीणों की मौत और 130 से अधिक अस्पताल में भर्ती, विपक्ष हुआ हमलावर

सागर जिले के ग्रामीण इलाकों में जहरीली शराब का यह तांडव अब तक 26 लोगों की जान ले चुका है, जबकि 130 से अधिक पीड़ित बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (बीएमसी) और जिला अस्पताल के आईसीयू में भर्ती हैं। हालांकि कुछ मरीजों की हालत सुधरने पर उन्हें छुट्टी दी गई है। मामले ने तूल पकड़ते ही प्रदेश की सियासत में भारी उबाल आ गया है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी लगातार सरकार की प्रशासनिक विफलता और कथित सिंडिकेट पर सवाल उठा रहे हैं। पुलिस ने बंडा और बिनैका थानों में कुल 30 आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आबकारी अधिनियम की गंभीर धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है।

कैबिनेट मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने आरोपों का किया खंडन, निष्पक्ष जांच के आदेश

मामले में राजनीतिक संरक्षण और आरोपियों से नजदीकी के उठ रहे सवालों पर मध्य प्रदेश सरकार के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कड़ा पलटवार किया है। सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं को खारिज करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्य आरोपी या किसी भी शराब तस्कर से उनका या उनके परिवार का दूर-दूर तक कोई नाता नहीं है। मंत्री राजपूत ने कहा कि उनका नाम घसीटना पूरी तरह राजनीति से प्रेरित है। उन्होंने सागर एसपी को निर्देश दिए हैं कि घटना की पूरी निष्पक्षता से पड़ताल की जाए और चाहे आरोपी कितना भी रसूखदार क्यों न हो, उसे किसी भी सूरत में बख्शा न जाए।

Date & Time : 2026-09-09 07:20:33

Share:

Leave A Reviews

Related News